Influences of Geographic Environment On the Basis of Ratzel's System of Anthropo-Geography

Semple, Ellen Churchill, 1863-1932

इस किताब के बारे में

एलेन चर्चिल सेम्पल द्वारा लिखित “भौगोलिक पर्यावरण का प्रभाव” एक वैज्ञानिक पुस्तक है, जो 20वीं सदी की शुरुआत में लिखी गई। इस पुस्तक का उद्देश्य फ्रेडरिक रैट्ज़ेल द्वारा प्रतिपादित मानव-भूगोल संबंधी जटिल सिद्धांतों को सरल एवं समझने योग्य रूप में प्रस्तुत करना है, ताकि अंग्रेजी-भाषी पाठक उन्हें आसानी से समझ सकें। यह पुस्तक इस बात का अध्ययन करती है कि भौगोलिक कारक कैसे मानव व्यवहार, संस्कृति एवं इतिहास को प्रभावित करते हैं, एवं पर्यावरण एवं सामाजिक विकास के बीच के महत्वपूर्ण संबंधों पर भी जोर देती है। पुस्तक की शुरुआत में सेम्पल मानव-भूगोल संबंधी मूलभूत अवधारणाओं पर चर्चा करती हैं, एवं यह दर्शाती हैं कि भौगोलिक परिस्थितियाँ मानव जीवन पर कितना प्रभाव डालती हैं। वे तर्क देती हैं कि मनुष्यों को अपने पर्यावरण से अलग नहीं किया जा सकता; क्योंकि पहाड़, नदियाँ एवं जलवायु पैटर्न जैसे भौगोलिक कारक सामाजिक विकास, सांस्कृतिक प्रथाओं एवं ऐतिहासिक घटनाओं को लगातार प्रभावित करते रहते हैं। इस पुस्तक में यह भी बताया गया है कि भौगोलिक कारक न केवल मानव अस्तित्व को आकार देते हैं, बल्कि ऐतिहासिक पैटर्न भी इन्हीं स्थायी प्रभावों के कारण बार-बार दोहराए जाते हैं।

लेखक
Semple, Ellen Churchill, 1863-1932
पढ़ने का स्तर
B2 · उच्च-मध्यम
भाषा
English