होरासियो क्विरोगा द्वारा लिखित “कुंभकोण में प्रेम एवं मृत्यु” एक लघुकथा संग्रह है, जो 1918 में प्रकाशित हुआ। इस संग्रह में कुल उन्नीस कहानियाँ शामिल हैं; बाद में क्विरोगा ने इनमें से कुछ कहानियों को हटा दिया। इन कहानियों में मानव एवं पशु दोनों की चेतना का वर्णन किया गया है – पशुओं में तर्कसंगत सोच होती है, लेकिन अंततः मानव क्रूरता ही उन पर हावी हो जाती है; जबकि मनुष्य प्राथमिक भावनाओं के आधीन हो जाता है। इन कहानियों में दर्शाया गया है कि कैसे अकुशल, प्राकृतिक भावनाएँ संघर्ष एवं त्रासदी का कारण बनती हैं… यह प्रकृति की हिंसा एवं मानवता के सबसे अंधकारमय पहलुओं का एक चित्रण है।
इस पुस्तक के बारे में विकिपीडिया पृष्ठ: es.wikipedia.org/wiki/Cuentos_de_amor_de_locura_y_de_muerte