अमांडा एम. डगलस का 『ए लिटल गर्ल ऑफ लॉन्ग एगो; ऑर, हन्ना ऐन』 19वीं सदी के उत्तरार्ध में लिखा गया एक ऐतिहासिक उपन्यास है। 『ए लिटल गर्ल इन ओल्ड न्यूयॉर्क』 की यह मनमोहक अगली कड़ी युवा हन्ना ऐन अंडरहिल के जीवन का अनुसरण करती है, जो तेजी से बदलते न्यूयॉर्क नगर में अपना बचपन बिताते हुए आगे बढ़ती है। कहानी परिवार, मित्रता और बड़े होने के विस्मय जैसे विषयों की पड़ताल करती है तथा उस युग में बच्चों की दैनिक गतिविधियों और सामाजिक मेलजोल पर ध्यान केंद्रित करती है। उपन्यास की शुरुआत में 1846 वर्ष के आरंभ में हन्ना ऐन को अपने परिवार और हमउम्र साथियों के साथ भविष्य को लेकर चंचल बातचीत करते हुए प्रस्तुत किया गया है; इन वार्तालापों में उनकी कल्पनाओं और आकांक्षाओं की झलक मिलती है। यह अध्याय घरेलू जीवन, सामाजिक मानदंडों और उनके आसपास घट रही घटनाओं के प्रभाव का जीवंत चित्र खींचता है, जिसमें संगीत समारोहों और सामाजिक समागमों को लेकर व्याप्त उत्साह भी शामिल है। जीवन, अपने परिवार और संसार के बारे में सुखद किंतु गहन निरीक्षणों से जूझती हन्ना की जिज्ञासा और निष्कपटता स्पष्ट रूप से अनुभव की जा सकती है। कथा आगे बढ़ने पर हमें उसके भाई-बहनों और मित्रों सहित अनेक पात्रों से परिचित कराया जाता है, जिससे हन्ना के बचपन से किशोरावस्था की ओर बढ़ते हुए आगे के रोमांच और संबंधों की पृष्ठभूमि तैयार होती है।