The Philosophy of the Moral Feelings

Abercrombie, John, 1780-1844

इस किताब के बारे में

जॉन एबरक्रॉम्बी द्वारा लिखित “द फिलॉसोफी ऑफ द मॉरल फीलिंग्स” एक 19वीं शताब्दी की शुरुआत में लिखी गई दार्शनिक पुस्तक है। इस पुस्तक का उद्देश्य मानव व्यवहार को नियंत्रित करने वाली नैतिक भावनाओं एवं सिद्धांतों का अध्ययन करना है, एवं यह तर्क दिया गया है कि नैतिक दर्शन को धार्मिक मान्यताओं के साथ समन्वित करना आवश्यक है। एबरक्रॉम्बी का लक्ष्य इच्छाओं, भावनाओं एवं व्यक्ति के संबंधों – विशेष रूप से दूसरों एवं ईश्वर से – से जुड़ी नैतिक जिम्मेदारियों का विस्तारपूर्वक अध्ययन प्रस्तुत करना है। पुस्तक की शुरुआत में ही एबरक्रॉम्बी के उद्देश्यों का संक्षिप्त वर्णन किया गया है, जिससे मानव प्रकृति के नैतिक पहलुओं की गहरी जाँच की राह खोली गई है। उन्होंने बौद्धिक एवं नैतिक क्षमताओं के बीच का अंतर भी चर्चा किया, एवं जोर देकर कहा कि एक सुसंगठित मन ही नैतिक उत्कृष्टता प्राप्त करने में सहायक होता है। उन्होंने इस बात की भी चर्चा की कि बाहरी परिस्थितियों के कारण व्यक्ति की नैतिक धारणाएँ भ्रमित हो सकती हैं; इसलिए नैतिक अवधारणाओं पर विचार करना आवश्यक है, ताकि नैतिक सत्यों की स्पष्ट समझ विकसित हो सके। लेखक ने यह भी उल्लेख किया कि नैतिक भावनाओं का अध्ययन केवल एक अमूर्त प्रयास ही नहीं है; बल्कि यह व्यक्ति एवं समाज दोनों के मानसिक एवं नैतिक कल्याण को बेहतर बनाने में भी प्रभावी है।

लेखक
Abercrombie, John, 1780-1844
पढ़ने का स्तर
B2 · उच्च-मध्यम
भाषा
English