Le Horror Altissime

Doyle, Arthur Conan, 1859-1930

इस किताब के बारे में

आर्थर कोनान डॉयल द्वारा लिखित “ली हॉरर अल्टिसिमे” 20वीं सदी की शुरुआत में लिखी गई एक कहानी-संग्रह है, जिसमें हॉरर एवं रोमांचक तत्व मिले हुए हैं। यह पुस्तक जॉयस-आर्मस्ट्रॉंग नामक एक विमानचालक की रहस्यमय कहानी पर आधारित है; जो ऊँचे ऊँचाई पर उड़ान के दौरान लापता हो जाता है। इस कहानी में मानव भय एवं वायुमंडल में छिपे अज्ञात खतरों पर चर्चा की गई है। जॉयस-आर्मस्ट्रॉंग की महत्वाकांक्षाओं एवं उसके सामने आए भयानक परिस्थितियों के माध्यम से, इस कहानी में विज्ञान एवं अंधविश्वास की सीमाओं पर सवाल उठाए गए हैं। जॉयस-आर्मस्ट्रॉंग, अपनी महत्वाकांक्षा एवं खोज की इच्छा से 12 किलोमीटर से भी अधिक ऊँचाई पर उड़ने का प्रयास करता है; लेकिन वहाँ उसका सामना अजीबोगरीब एवं भयानक प्राणियों से होता है। इन परिस्थितियों के माध्यम से, यह कहानी अज्ञात जीवन-रूपों एवं वायुमंडल में मौजूद खतरों पर प्रकाश डालती है। अंत में, जॉयस-आर्मस्ट्रॉंग का सामना एक ऐसे खतरनाक प्राणी से होता है, जो प्राकृतिक सीमाओं से परे है… यह कहानी वैज्ञानिक अन्वेषणों को भय एवं रहस्यमयता के साथ जोड़कर प्रस्तुत की गई है; जिससे पाठकों को पृथ्वी के ऊपर मौजूद अनंत विश्व में “महत्वाकांक्षा” एवं “खतरा” के बीच की पतली सीमा पर विचार करने का अवसर मिलता है। जॉयस-आर्मस्ट्रॉंग का भविष्य अनिश्चित ही रह जाता है… जिससे पाठकों को ब्रह्मांड के अद्भुत रहस्यों पर विचार करने की प्रेरणा मिलती है।

टिप्पणियाँ

ऊंचाइयों का भयावहता…

लेखक
Doyle, Arthur Conan, 1859-1930
पढ़ने का स्तर
B2 · उच्च-मध्यम
भाषा
ia