थॉमस सेल्ट्ज़र एवं अन्य द्वारा लिखित “बेस्ट रशियन शॉर्ट स्टोरीज़” 19वीं एवं 20वीं शताब्दी के दौरान लिखी गई महत्वपूर्ण रशियन लघुकथाओं का संकलन है। इस संकलन में पुष्किन, गोगोल, तुर्गेनेव, दोस्टोयेव्स्की, टॉल्स्टॉय एवं चेखोव जैसे प्रसिद्ध लेखकों की रचनाएँ शामिल हैं; इनमें अलौकिक विषयों से लेकर रूस के दैनिक जीवन के सामान्य पहलुओं तक के विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई है। इस संकलन का उद्देश्य रशियाई साहित्य की अनूठेपन, उसकी गहराई, मानवतावादी आदर्श एवं आकर्षक पात्र-चित्रणों को प्रस्तुत करना है। संकलन की शुरुआत में थॉमस सेल्ट्ज़र द्वारा लिखी गई प्रस्तावना है, जो रशियाई साहित्य के सार एवं मानव अनुभवों से उसके गहरे संबंधों पर प्रकाश डालती है। सेल्ट्ज़र ने रशियाई कथा-कहने की प्रणाली में हुए विकासों पर चर्चा की है, एवं बताया है कि रशियाई साहित्य पश्चिमी रोमांटिसिज्म से हटकर ऐसी शैली में विकसित हुआ, जो यथार्थवाद एवं निचले वर्गों के प्रति सहानुभूति पर जोर देती है। पुष्किन की “द क्वीन ऑफ स्पेड्स” जैसी कहानियाँ मानव प्रकृति, सामाजिक वास्तविकताएँ एवं भाग्य के प्रभावों को उजागर करती हैं; ऐसी ही कहानियाँ इस संकलन की अन्य रचनाओं के प्रति पाठकों का आकर्षण बढ़ाती हैं।